बिलासपुर पुलिस ने निकाला फ्लैग मार्च, विधानसभा चुनाव के मद्देनजर आदर्श आचार संहिता का पालन सुनिश्चित कराने और असामाजिक तत्वों को कड़ा संदेश देना था, शहर में प्रमुख हिस्सों तारबाहर, गांधी चौक, गोलबाजार, मुक्तिधाम चौक, सरकंडा, वसंत विहार चौक, दयालबंद से गुजरा फ्लैग मार्च

बिलासपुर पुलिस ने निकाला फ्लैग मार्च, विधानसभा चुनाव के मद्देनजर आदर्श आचार संहिता का पालन सुनिश्चित कराने और असामाजिक तत्वों को कड़ा संदेश देना था, शहर में प्रमुख हिस्सों तारबाहर, गांधी चौक, गोलबाजार, मुक्तिधाम चौक, सरकंडा, वसंत विहार चौक, दयालबंद से गुजरा फ्लैग मार्च

बिलासपुर। पुलिस अधीक्षक संतोष सिंह के निर्देश पर जिले के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों सहित बड़ी संख्या में पुलिसकर्मियों द्वारा पूरे शहर में फ्लैग मार्च किया गया। फ्लैग मार्च का उद्देश्य आगामी विधानसभा चुनाव को मद्देनजर रखते हुए शहर में शांति कायम रखना, असामाजिक तत्वों को कड़ा संदेश देना एवं आदर्श आचार संहिता का पालन सुनिश्चित करना है। फ्लैग मार्च पुलिस लाईन से प्रारंभ होकर शहर के प्रमुख हिस्सों तारबाहर, गांधी चौक, गोलबाजार, मुक्तिधाम चौक, सरकंडा, वसंत विहार चौक, दयालबंद से होकर गुजरा। फ्लैग मार्च में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (शहर) राजेन्द्र जायसवाल, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) अभिषेक माहेश्वरी, नगर पुलिस (सिटी कोतवाली) श्रीमती पूजा कुमार, नगर पुलिस अधीक्षक (सिविल लाइंस) संदीप पटेल, उप पुलिस अधीक्षक कृष्णा पटेल, एसडीएम बिलासपुर डॉ. सुभाष सिंह राज सहित सभी थाना प्रभारी एवं लगभग 100 से अधिक संख्या में पुलिसकर्मी मौजूद थे।

अस्त्र-शस्त्र थानों में जमा कराने का आदेश जारी

कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी संजीव कुमार झा ने एक आदेश जारी कर जिले में जारी समस्त लायसेंसी हथियारों को थानों में जमा करने को कहा है। स्वतंत्र एवं निष्पक्ष विधानसभा चुनाव सम्पन्न कराने के लिए कलेक्टर ने 9 अक्टूबर को इस आशय के आदेश जारी किये है। उन्हें लायसेंसी हथियार के साथ कारतूस, मैगजीन, बारूद जमा कराने का दायित्व थाना प्रभारी का होगा। बैंकों के सुरक्षा गार्ड को शस्त्र जमा कराने से छूट होगी। इसके अतिरिक्त ऐसे लायसेंसधारी जिससे निर्वाचन प्रक्रिया में व्यवधान की संभावना नहीं है उन्हें भी शस्त्र जमा कराने से छूट होगी, लेकिन इसकी सूचना संबंधित थाना में देनी होगी। यह आदेश एकपक्षीय रूप से पारित किया गया है। यह आदेश 3 दिसम्बर 2023 तक प्रभावशील रहेगा। इसके पश्चात 8 दिसम्बर 2023 तक थाना प्रभारी से लायसेंसधारियों को उनके शस्त्र वापस करायेंगे। गौरतलब है कि जिले में सैकड़ों की संख्या में नेता, पत्रकार, अधिकारी, ठेकेदारों और किसानो ने अपनी जान की सुरक्षा के लिए हथियार के लाइसेंस लिए है और उनके पास बंदूकें मौजूद है।

MRINMOY MALLICK

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