मुख्यमंत्री बघेल ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को लिखा पत्र
रायपुर। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर अन्य पिछड़ा वर्गों हेतु पृथक से कोड निर्धारित करते हुए राष्ट्रीय जनगणना करवाने का अनुरोध किया, साथ ही उन्होंने स्थानीय बेरोजगारों को रोजगार के अवसर उपलब्ध करवाने हेतु एनएमडीसी का मुख्यालय हैदराबाद से जगदलपुर स्थानान्तरित करने का भी आग्रह किया है।
मुख्यमंत्री बघेल ने पत्र में कहा- अन्य पिछड़ा वर्गों के आरक्षण जैसे महत्वपूर्ण एवं संवेदनशील विषय पर और विलम्ब न करते हुए आवश्यक पहल कर शीघ्र अतिशीघ्र सकारात्मक निर्णय लेने का कष्ट करें। बघेल ने लिखा है कि -मेरे द्वारा अप्रैल 2023 में छत्तीसगढ़ राज्य के अन्य पिछड़ा वर्गों के व्यक्तियों को 27 प्रतिशत आरक्षण का लाभ दिये जाने तथा इस विषय को संविधान की 9वीं अनुसूची में शामिल करने का आपसे अनुरोध किया गया था,आप सहमत होंगे कि सदियों से सामाजिक-राजनीतिक अधिकारों से वचित बड़ी आबादी को संविधान प्रदत्त समानता एवं सामाजिक न्याय की भावना के अनुरूप आरक्षण का लाभ दिया जाना आवश्यक है। बघेल ने लिखा है – राज्य विधानसभा द्वारा दिसंबर 2022 में सर्वसम्मति से पारित विधेयक में राज्य में अनुसूचित जनजातियों, अनुसूचित जातियों, अन्य पिछड़ा वर्गों तथा ई.डब्ल्यू.एस. के लोगों के लिये क्रमश: 32, 13, 27 एवं 4 प्रतिशत आरक्षण लागू करने संबंधी विधेयक पारित किया गया था। दुर्भाग्य से वह विधेयक अभी तक राजभवन में अनुमोदन हेतु लंबित है। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने लिखा है-समाज की बड़ी आबादी को उनके संवैधानिक अधिकारों से वंचित रखने से उनके मन में रोष व्याप्त होना स्वाभाविक है। राज्य सरकार के सभी प्रयासों के बाद भी अन्य पिछड़ा वर्गों के लोगों को 27 प्रतिशत आरक्षण का लाभ न मिल पाना समझ से परे है।
भूपेश बघेल का भाजपा से सवाल
अडानी को दिया कोल खदान निरस्त होना चाहिए कि नहीं
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने भाजपा से सवाल करते हुए कहा है एसईसीएल कोयला उत्खनन करने वाला कंपनी है।दूसरा एनएमडीसी लौह अयस्क उत्पादन करने वाली सबसे बड़ी संस्था है।भारत सरकार ने दोनों को अडानी को दिया है। क्या यह निरस्त होना चाहिए कि नहीं होना चाहिए।अडानी को जो आयरन और कोल खदान दिया गया है उसे निरस्त किया जाना चाहिए कि नहीं किया जाना चाहिए। दूसरा सवाल रायगढ़ में जो गारे पेलमा अडानी को दिया है उसे निरस्त किया जाना चाहिए कि नहीं किया जाना चाहिए।अलग-अलग राज्यों के भाजपा विधायकों के दौरे पर उन्होंने कहा, इसका मतलब भाजपा के पास अच्छे प्रत्याशी नहीं है।मुख्यमंत्री भूपेश बघेल मंगलवार को बिलासपुर रवाना होने से पहले पत्रकारों से चर्चा कर रहे थे।धान खरीदी को लेकर मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा, यह लोग बार-बार कह रहे हैं कि केंद्र सरकार धान खरीदती है।यदि केंद्र सरकार धान खरीदती है तो डबल इंजन की सरकार में 15 च्ंिटल से 10 च्ंिटल क्यों किया गया। दूसरी बात यह है कि पिछली सरकार में 2013-14 में सर्वाधिक धान खरीदी हुई। उसके बाद घटते गया और 55 लाख टन पर आ गया। इसका मतलब यह है कि यह नहीं खरीदते हैं।क्या कारण है लगातार धान खरीदी कम हुई। 15 च्ंिटल से 10 च्ंिटल क्यों किया गया इतना घाटा राज्य सरकार उठाती है चाहे भाजपा की सरकार हो या कांग्रेस की सरकार हो।मुख्यमंत्री ने कहा, लोन राज्य सरकार लेती है गारंटी देती है।

