10 दुकानों का शटर तोडक़र 23 लाख की चोरी करने वाला शातिर कवर्धा से गिरफ्तार
बिलासपुर। सिविल लाइन पुलिस ने शटर तोडक़र दुकानों में चोरी करने वाले शातिर चोर को कवर्धा से गिरफ्तार किया है। आरोपी के कब्जे से 1 नग सोने का कड़ा,2 नग सोने का चैन,2 नग सोने की अंगुठी,1 नग चांदी का बिस्किट 100 ग्राम एवम नगदी 21000 रुपए 1 नग कान की बाली 1 नग महिन्द्र कम्पनी का थार वाहन बरामद किया गया है।
सिविल लाइन पुलिस ने बताया कि 19 अगस्त को श्रीराम क्लाथ मार्केट स्थित 05 बडी दुकानों एव 25 अगस्त को सत्यम चौक से अग्रसेन चौक के बीच स्थित 05 बडी दुकानों कुल 10 दुकानों में अज्ञात चोर द्वारा चोरी की घटना को अंजाम दिया गया था। जिस पर पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार सिंह द्वारा उक्त चोर को पकडऩे हेतु अलग अलग टीम बनाकर निर्देश दिये गये थे। जिसके पालन में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शहर राजेन्द्र जायसवाल, नगर पुलिस अधीक्षक सिविल लाईन संदीप पटेल (भा.पु.से.) के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी सिविल लाईन प्रदीप आर्य एवं एसीसीयू प्रभारी कृष्णा साहू के नेतृत्व में टीम बनाकर मुखबीर तंत्र को मजबूत कर एवं तकनिकी साक्ष्यों के आधार पर लगभग 300 सीसीटीव्ही फुटेज को खंगाला गया जिससे आरोपी जिला कबीर धाम का निवासी होना पाया गया जिसे पकडऩे हेतु घटना दिनांक से टीम आरोपी के निवास एवं रिस्तेदारों के निवास के आसपास डेरा जमाये हुए थी जो आज घटना का मुख्य आरोपी लोकेश श्रीवास अपने साथी शिवा चन्द्रवंशी के साथ अपने निवास के आसपास दिखाई दिया। कि सूचना पर रेड कार्यवाही की गई जहां पर उसका सहयोगी शिवा चन्द्रवंशी पिता बेनी माधव चंद्रवंशी उम्र 23 वर्ष निवासी गायत्री मंदिर के पास कवर्धा मिला जिसे अभिरक्षा में लेकर पुछताछ की गई जिसने उपरोक्त घटनाओं में लोकेश श्रीवास के साथ रहकर घटना कारित करना स्वीकार किया।
जिसके कब्जे से 01 नग सोने का कड़ा, 02 नग सोने का चैन 02 नग सोने की अंगुठी, 01 नग कान की बाली, 01 नग चांदी की बिस्किट एवम 21000 रुपए नगद तथा 01 नग महिन्द्र कम्पनी का थार वाहन जुमला कीमती लगभग 23 लाख रुपए बरामद किया एवम चोरी की अन्य सामानों के बारे में पूछताछ की जा रही है। मुख्य आरोपी लोकेश श्रीवास वर्तमान में फरार है। जिसकी पता तलास की जा रही है।प्रकरण की उक्त कार्यवाही में थाना प्रभारी सिविल लाईन प्रदीप आर्य, एसीसीयू प्रभारी कृष्णा साहू थाना सिविल लाईन से उपनिरीक्षक भावेश शेण्डे, अजहर उद्दीन, आरक्षक सोनू पाल, अविनाश कश्यप, राहुल सिंह, एसीसीयू से सहायक उपनिरीक्षक शोभनाथ यादव, आरक्षक तरुण केशरवानी, सत्या पाटले, तदबीर पोर्ते की महत्वपूर्ण भूमिका रही।

